सत्येंद्र विश्वकर्मा, संवाददाता 


सैदपुर। नगर स्थित तहसील मुख्यालय पर बुधवार को भाकपा माले व अभाखेग्रामस ने जुलूस निकालकर धरना प्रदर्शन किया। इस दौरान जिलाध्यक्ष नंदकिशोर बिंद के नेतृत्व में कार्यकर्ताओं ने झंडा लेकर संजय वन से जुलूस निकाला। इसके बाद वो नारेबाजी करते हुए तहसील मुख्यालय पहुंचे और धरना प्रदर्शन कर पत्रक सौंपा। जिलाध्यक्ष ने गाजीपुर को सूखाग्रस्त घोषित करने की मांग की। कहा कि अब तक बारिश नहीं हुई और सरकार न जाने किस धुन में खोई है। कहा कि योगी आदित्यनाथ का बुलडोजर गरीब और बेसहारा लोगों के घरों पर चल रहा है, जिनकी रिहायशी झोपड़ी है और खुले आसमान के नीचे गुजर बसर करना उनकी मजबूरी है। कहा कि उनके लिए जमीन समेत आवास और पुनर्वास की व्यवस्था किए बगैर अगर उनकी मड़ई उजाड़ी गई तो इसे भाकपा (माले) कतई बर्दाश्त नहीं करेगी। उन्होंने बहेरी, खानपुर, बैरहिया समेत अन्य गांवों में भेजी गईबेदखली की नोटिस को तत्काल प्रभाव से वापस लेने की मांग की। चेतावनी दिया कि अगर प्रशासन ऐसा नहीं करता है तो लाल झंडा और लाठी लेकर बुलडोजर रोकने का काम किया जायेगा। जिला सचिव रामप्यारे राम ने कहा कि गाजीपुर समेत पूरे प्रदेश में बरसात न होने से अकाल जैसी स्थिति बन गई है। हैंडपंप से लेकर नलकूप तक पानी देना बंद कर दिया है। उन्होंने जिले को सूखाग्रस्त घोषित कर सूखाराहत मुहैया कराने के साथ मनरेगा के तहत साल भर काम की मांग की। कहा कि पढ़े-लिखे युवा डिग्री लेकर तैयारी कर रहे हैं। लेकिन परमानेंट रोजगार देने के बजाय सेना समेत अन्य विभागों में चार साल की संविदा पर नौकरी देने का आदेश जारी करके युवाओं के सम्मान जनक रोजगार पाने के अधिकार पर पानी फेर दिया गया। कहा कि हीराधरपुर के वनवासियों से काम कराकरमजदूरी ठेकेदार हड़प रहा है और कोई सुनवाई नहीं हो रही है। अंत में उन्होंने डीएम को सम्बोधित 9 सूत्रीय मांगपत्र एसडीएम ओमप्रकाश गुप्ता को सौंपा। इस मौके पर आजाद यादव, बेचू बनवासी, रामजन्म, जोखू प्रसाद, रविन्द्र कश्यप, घुरभारी मास्टर, सरोज यादव, संगीता, सुमित्रा, कन्हैया बिंद, किशन मौर्य, मुन्ना वनवासी आदि रहे। अध्यक्षता डॉ रणबीर सिंह व संचालन आजाद यादव ने किया।